Sunday, April 12, 2026
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बेसिक स्कूलों में प्राथमिक के छात्रों को डेस्क बेंच मिलते ही ख़ुशी से चेहरे खिल उठे

बेसिक स्कूलों में प्राथमिक के छात्रों को डेस्क बेंच मिलते ही ख़ुशी से चेहरे खिल उठे

सुनील दत्त शर्मा

खड्डा, कुशीनगर। जिला के विकास खण्डों में अब बेसिक के प्राथमिक विद्यालय के बच्चों को बैठने के लिये डेस्क बेंच मिलने शुरू हो गये है। आकर्षक व रंग बिरंगे डेस्क व बेंच मिलते ही यकीनन बच्चे ख़ुशी से झूम रहे है। प्राथमिक के बच्चे स्वप्न में भी नही सोचा था कि हम भी कान्वेंट विद्यालय की तरह डेस्क और बेंच पर बैठेंगे। जब कि अभी विद्यालय में नामांकित छात्रों के सापेक्ष बच्चों को बैठने का डेस्क बेंच कम ही मिले है। अब कुछ बच्चे डेस्क बेंच पर तो कुछ बच्चे फर्श पर बिछी टाटपट्टी पर बैठ पढ़ाई कर रहे है। वे भी अगले क्लास में जाएंगे तो डेस्क बेंच पर बैठेंगे की उम्मीदों पर नौनिहाल खुश है।
बताते चले कि कायाकल्प योजना के तहत जिला के सभी प्राथमिक विद्यालयों के छात्रों को डेस्क, बेंच उपलब्ध करा सरकार स्कूलों की काया बदलने वाली है। जो अब धरातल पर दिखाई देने लगा है। जिला के ब्लाक खड्डा की बात करे तो ग्राम सभा कटाई भरपुरवा सबसे बड़ा और काफी पिछड़ा क्षेत्र है। उस गांव का एक ऐसा विद्यालय है जहां मुसहर समुदाय के अलावा अन्य विरादरी के बच्चे पढ़ाई करते है। वहां के स्थित कुल पांच विद्यालयों में एक प्राथमिक विद्यालय छितौनी पूर्वी विद्यालय है जहाँ कक्षा 1 में 80, कक्षा 2 में 89, कक्षा 3 में 63, कक्षा 4 में 70, कक्षा 5 में 60 बच्चे यानी कुल 362 नामांकित है। उन बच्चों को बैठने एंव शिक्षा की बेहतरी के लिये गांव के सरकार ने दो बार में स्कूल बंद रहने पर 45 सेट डेस्क बेंच भेजवा दी। सुबह जब विद्यालय खुला तो ग्राउंड में बिखरे डेस्क बेंच पाकर बच्चों ने उछल कूद मारने लगे। उन्हें आकर्षक रंग बिरंगी सनमाईका लगी डेस्क बेंच देख खुशी का ठिकाना नही रहा। बच्चों ने सोचा कि वर्षों से प्राथमिक स्कूलों में हमारे पूर्वज भी भूमि पर बिछा चट्टियों पर बैठ पढ़ाई किये लेकिन उन्हें डेस्क बेंच नसीब नही हुई। हम छात्रों को आजादी मिलने के लम्बे अर्से के बाद अब भूमि पर बिछे टाटपट्टी से निजात मिल गयी। अब हम बच्चे भी कान्वेंट विद्यालय की भांति स्कूल ड्रेस पहने जूता, मोजा के साथ डेस्क बेंच पर बैठेंगे और पढ़ाई करेंगे। यह सोच और देख उनके अंदर ख़ुशी है। जबकि उपलब्ध डेस्क बेंच पर प्रति डेस्क बेंच चार छात्रों को बैठाया जा रहा है तो 45 सेट पर 180 बच्चे ही बैठ रहे है। नामांकित अभी भी 182 बच्चों को फर्श वाली टाटपट्टी ही नसीब है। अगली कक्षा के प्रवेश की आस में टाटपट्टी पर बैठने वाले बच्चे भी खुश दिखाई दे रहे है। पूछे जाने पर विद्यालय के प्रधानाध्यापक रामप्रवेश ने बताया कि नामांकन के सापेक्ष शासन से डेस्क व बेंच अभी कम मिले है। कक्षा एक के सभी छात्र अभी फर्श पर बिछे टाटपट्टी पर ही बैठ पढ़ रहे है। स्कूल में अभी भी समस्या बनी हुई है। गांव के प्रधान नर्वदेश्वर चौरसिया ने बताया कि कायाकल्प के तहत विद्यालयों की काया अब बदल रही है। खण्ड शिक्षाधिकारी हिमांशु कुमार सिंह ने कहा कि ब्लाक में अभी बंजारी पट्टी और फटकदौना दो विद्यालय स्मार्ट विद्यालय हुये है। और ग्राम पंचायत स्तर से ब्लॉक के 18 विद्यालयों में कही 15 तो कही 30 डेस्क बेंच देकर विद्यालय को सुसज्जित किया जा रहा है। जहां नामांकन ज्यादे हैं वहां धीरे धीरे और फर्नीचर का व्यवस्था करा दिया जाएगा।

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